केदारघाटी में आफत बनकर बरस रही बारिश

जनमंच टुडे/ ऊखीमठ।

केदार घाटी सहित विभिन्न इलाकों में विगत तीन तीनों से हो रही बारिश से आपदा प्रभावितों की मुश्किलें थमने का नाम नहीं ले रही हैं। पूरे विकासखण्ड के अन्तर्गत बाधित मोटर मार्गो पर विभागों के प्रयासों से आवागमन सुचारू तो हो गया है, लेकिन क्षेत्र में हो रही मूसलाधार बारिश से कब मोटर मार्ग बाधित हो जाय, कहा नहीं जा सकता है। मन्दाकिनी व उसकी  सहायक नदियों के जल स्तर में वृद्धि होने से नदी किनारे बसे ग्रामीणों की धड़कने बढ़ती जा रही है ।  विगत दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश से ऊंचाई वाले इलाकों के तापमान में निरन्तर गिरावट महसूस की जा रही है।

जानकारी के अनुसार लोक निर्माण विभाग राजमार्ग के अथक प्रयासों से कुण्ड – चोपता – गोपेश्वर मोटर मार्ग पर 29 घन्टों बाद यातायात सुचारू किया गया है। उक्त मोटर मार्ग पर तीन पूर्व पिगलापाणी के निकट मलबा आने से यातायात बाधित हो गया था। लोक निर्माण विभाग के गुप्तकाशी – कालीमठ – चौमासी,गुप्तकाशी – मयाली, बासबाडा – चन्दननगर – मोहनखाल, तोडीधार – पैलिंग मोटर मार्गो पर आवागमन सुचारू कर दिया गया है। बासबाडा – गैर – जलई मोटर को विभाग द्वारा खोलने के प्रयास तो किये जा रहे हैं, मगर लगातार हो रही बारिश से मोटर मार्ग को खोलने में बाधा उत्पन्न हो रही है। तुंगनाथ घाटी के पापड़ी तोक में भूधसाव होने से तोक के 15 परिवारों की मुश्किलें बढ़ती जा रही है। ग्राम पंचायत मक्कू में भूधसाव होने से काश्तकारों के खेत – खलिहानों के पुश्ते ढहने से फसलों को खासा नुकसान हुआ है।

क्षेत्र में हो रही आफत की बारिश से मन्दाकिनी सहित सहायक नदियों के जल स्तर में लगातार वृद्धि हो रही है जबकि ऊंचाई वाले इलाकों के तापमान में भारी गिरावट महसूस होने से छह माह बुग्यालों में प्रवास करने वाले भेड़ पालकों की मुश्किलें बढ़ती जा रही है।

  • लक्ष्मण सिंह नेगी, वरिष्ठ पत्रकार।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *