विकास की लौ से कोशों दूर चौबट्टाखाल विस क्षेत्र : डीपीएस रावत
जनमंच टुडे/ कोटद्वार।
चौबट्टाखाल विधानसभा क्षेत्र के बैजरो ,बएडा, कमलिया की हालत बदहाल बनी हुई है और लोग जान हथेली पर रख आवाजाही करने को मजबूर हैं। कई बार गुहार लगाने के बावजूद जनप्रतिनिधियों और सम्बन्धित विभाग के जान ने जूं तक नहीं रेगी जिससे ग्रामीणों में आक्रोश बना हुआ है। ग्रामीणों ने सफक का जल्द से जल्द डामरीकरण करने की मांग की है। मांग पूरी न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। पूर्व लोकसभा पौड़ी प्रत्याशी व समाजसेवी इं डीपीसी रावत ने कहा की सड़कें विकास के लिये महत्वपूर्ण होती है, लेकिन आजादी के दशकों बाद भी प्रदेश के कई जगह सड़कें नही पहुँच पाई है, और जिन क्षेत्रों में सड़कें पहुँची है, वे रखरखाव के अभाव में इतनी खराब हो रखी है , लोग जान जोखिम में डाल कर यात्रा करने को मजबूर हैं।

इं डीपीसी रावत ने कहा कि बैजरो ,बएडा, कमलिया सड़क का डामरीकरण न होने से बेहद जजर्र बनी हुई है और हादसों को न्योता दे रही है। बैजरो-बैएड़ा-कमलिया सड़क करीब 10 साल पहले बानी थी। ये सड़क 15 किलोमीटर लंबी है और इससे 14 गांव की आबादी जुड़ी हुई है। यहां के लोगों ने कहा कि हाल में ही क्षेत्र के विधायक और कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने करीब दर्जनभर सड़कों के डामरीकरण के लिए बजट पास कराया लेकिन बैजरो-बएडा-कमलिया सड़क को छोड़ दिया गया। रावत ने कहा कि राज्य बनने के दो दशकों बाद भी लोगों को बुनियादी सुविधाएं नही मिल पाई हैं और लोग बुनियादी सुविधाओं के लिए तरस रही है। रावत ने कहा कि बीजेपी कांग्रेस बारी, बारी से राज किया, लेकिन किसी ने भी पहाड़ के लोगों की बुनियादी समस्याओं को हल नही किया। आज भी पहाड़ की जनता, बुनियादी सुविधाओं से वंचित हैं। उन्होंने कहा कि इन राजनीतिक दलों के जनप्रतिनिधियों नेपहाड़ के लोगों को वोट बैंक के तौर पर इस्तेमाल किया। उन्होंने कहा कि चौबट्टाखाल विधान सभा क्षेत्र प्रदेश में सबसे पिछड़ा हुआ है। यहां के जनप्रतिनिधि को जनता की समस्याओं से कोई सरोकार नहीं। उन्होंने कहा कि पहाड़ मे आजतक विकास इसलिए नही हुुआ क्यों कि विधायक निधि मे ब्लॉक से सीधा पचास प्रतिशत कमीशन फिक्स होता है और बाकी जो काम होता है वह भी राम भरोसे ही होता है। आज पहाड़ो मे बिना कमीशन का कोई भी कम नही हो पा रहा है तो विकास कैसे होगा । इं डीपीएस ने कहा कि स्थानीय विधायक बैजरो-बएडा-कमलिया सड़क के डामरीकरण लेकर संजीदा नही है। रावत ने कहा कि स्थानीय विधायक को क्षेत्र के विकास से कोई मतलब नहीं, चुनाव जीतने के बाद क्षेत्र से मुंह मोड़ लेते हैं, ऐसे में क्षेत्र का विकास कैसे होगा, जो जनप्रतिधि क्षेत्र का दौरा तक नहीं करते उनसे विकास की उम्मीद की ही नही जा सकती। उन्होंने कहा कि महाराज इन 4 सालों में क्षेत्र के विकास पर ध्यान देने के बजाए अपनी कुर्सी बचाने पर ध्यान दे रहे हैं। उन्होंने पिछले 20 सालों से क्षेत्र का विकास नहीं किया बल्कि दल बदल किया। इं डीपीएस ने कहा कि लोगों को इस बार ऐसे जनप्रतिधि को चुनना चाहिए जो क्षेत्र को विकास पर ले जाए आवर जनता का सुख, दुःख का साथी बने। कांग्रेस, भाजपा ने इन 20 सालो में क्षेत्र का क्या विकास किया सबको दिख रहा है। रावत ने कहा की अब इन दोनों दलों को सबक सीखाने का वक़्त आ गया है। इं डीपीएस ने कहा कि मुझेचौबट्टाखाल विधानसभा क्षेत्र की सेवा करने का मौका देती है तो वह जनता के अधूरे सपनों को पूरा करेंगे। वह स्थानीय होने के साथ ही पूरे क्षेत्र से वाकिफ हैं। वह अच्छी तरह से समझते हैं ।
